पान दुकान के तरह हॉस्पिटल खोलकर दलाल के माध्यम मरीजों के जिन्दगी के साथ कर रहे है खिलवाड़?
आपको बताते चले कि यह मामला ग्राम पंचायत व पोस्ट बड़हरा महंथ क्षेत्र सिसवा बाजार जनपद महराजगंज उत्तर प्रदेश के निवासी रमेश पुत्र ढाड़ू निहायत गरीब व्यक्ति है उसको पेसाब करने में दिक्कत हो रही थी तो रूनमति हॉस्पिटल शिकारपुर में कार्यरत तारीफ पुत्र आबिद की रमेश से उसके गांव में रिश्ते में आया था मुलाकात हो गई उसके बहकावे मे आ गया जिस पर तारीफ रमेश को उक्त हॉस्पिटल पर ले गया जहां सारा जांच करवा कर उसका उक्त हॉस्पिटल में आपरेशन करवा दिया लेकिन जांच व आपरेशन सही तरीके से न होने के कारण बीमारी जस का तस ही रहा तो पुनः उक्त तारीफ़ वआपरेशन करने वाले डाक्टर ने रमेश को गोरखपुर फर्टिलाइजर के पास स्थित नीरा हॉस्पिटल में बुलाकर पुनः जांच पड़ताल करवाकर दुबारा आपरेशन कर दिया गया और पेसाब हेतु नली डाल दिया लेकिन उसके बाद भी रमेश की बीमारी जस का तस ही रहा जब रमेश का भाई उक्त आरिफ से अपने भाई के विषय में बताया तो तारीफ ने तीसरी बार रमेश को बुलाकर उसके पास जो जांच रिपोर्ट व आपरेशन के से संबंधित पर्चा था उसके अपने पास रखकर रमेश को खदेड़ दिया गया उक्त दवा के चक्कर में रमेश के पास जो कुछ डिसमिल खेत था वह भी बिक गया इस समय वह अपने परिवार बच्चों के साथ भीख मांगने पर मजबूर हैं और आठ महीने से जो उक्त डाक्टर पेशाब के लिए नली डाला था उसी तरह से है और वह मांस पकड़ लिया है जो नली उक्त डाक्टर के अनुसार बिना तीसरा आपरेशन का नहीं निकाला जा सकता प्रश्न तो यह है की रमेश के पास अब कुछ बचा नहीं है खाने के लिए मोहताज है तीसरा आपरेशन हो तो कैसे जिससे उस दलाल ने रमेश को मौत के मुहाने पर लाकर खड़ा कर दिया है। जिसके संबंध मे 

*जिलाधिकारी और सीएमओ से लगाई न्याय की गुहार दलाल के झांसे के चलते नहीं हो पाया सही इलाज रमेश जूझ रहा है जिंदगी मौत से

